D.El.Ed 4th सेमेस्टर : विज्ञान (Science)
यह विषय “विज्ञान (Science)” यूपी डीएलएड (Diploma in Elementary Education) चतुर्थ सेमेस्टर के महत्वपूर्ण विषयों में से एक है। इस पेज पर आपको इस विषय से जुड़े पिछले 10 वर्षों के प्रश्नपत्र (Previous Year Papers), हल सहित प्रश्नपत्र (Solved Papers) तथा परीक्षा की तैयारी के लिए उपयोगी नोट्स और अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी।
इस विषय का प्रश्नपत्र कुल 25 अंकों का होता है और परीक्षा की अवधि 1 घंटा निर्धारित रहती है। परीक्षा में सफल होने के लिए अभ्यर्थियों को न्यूनतम 12 अंक प्राप्त करना आवश्यक होता है। प्रश्नपत्र में कुल 18 प्रश्न होते हैं, जिनका स्वरूप इस प्रकार होता है—
5 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ) — प्रत्येक 1 अंक
6 अति लघु उत्तरीय प्रश्न — प्रत्येक 1 अंक
7 लघु उत्तरीय प्रश्न — प्रत्येक 2 अंक
अति लघु उत्तरीय प्रश्नों के उत्तर लगभग 30 शब्दों में देने चाहिए, जबकि लघु उत्तरीय प्रश्नों के उत्तर लगभग 50 शब्दों में लिखना उपयुक्त माना जाता है। परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने के लिए उत्तर स्पष्ट, सटीक और विषय के अनुरूप होना चाहिए। केवल अधिक लिखने से अंक नहीं मिलते, बल्कि सही और व्यवस्थित उत्तर देना जरूरी होता है। इसलिए इस विषय की तैयारी के लिए मूल अवधारणाओं को समझना और नियमित अभ्यास करना अत्यंत आवश्यक है।
विषय की मुख्य जानकारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| सेमेस्टर | चतुर्थ सेमेस्टर |
| प्रश्न पत्र | तृतीय प्रश्न पत्र |
| विषय | विज्ञान |
| कुल अंक | 25 |
| पास होने के लिए न्यूनतम अंक | 12 |
| परीक्षा का समय | 1 घंटा |
| कुल प्रश्न | 18 |
पाठ्यक्रम (SYLLABUS)
★ जैव विकास, पारिस्थितिकी तन्त्र व उसके घटक (जैविक व अजैविक घटक), जैविक घटकों में खाद्य–श्रृंखला, खाद्य जाल, पारिस्थितिकी पिरामिड।
★ खनिज एवं धातु अयस्क, धातु का निष्कर्षण, धातु तथा अधातु में अन्तर।
★ आवर्त सारणी की सामान्य जानकारी— विद्युत–ऋणात्मकता।
★ स्थिर विद्युत आवेश— प्रकार, आवेश के सुचालक व कुचालक।
★ विद्युत धारा व इसके उपयोग।
★ चुम्बकत्व— चुम्बक के गुण, उपयोग, पृथ्वी का चुम्बकीय व्यवहार, विद्युत चुम्बक।
★ रक्त की संरचना, रक्त वर्ग, रक्त बैंक, रक्त के आदान–प्रदान में सावधानियाँ।
★ रक्त पीड़ित सामान्य रोगों की जानकारियाँ।
★ एड्स व हेपेटाइटिस–बी की सामान्य जानकारी, कारण, लक्षण व बचाव के उपायों से अवगत कराना।
★ सुरक्षा एवं प्राथमिक उपचार।
